होर्मुज जलडमरूमध्य बना जंग का मैदान: भारत आ रहे 'एपामिनोडेस' जहाज पर हमला
ईरान-अमेरिका तनाव: ईरान और अमेरिका के मध्य बढ़ती तल्खी का सीधा असर अब होर्मुज स्ट्रेट पर दिखाई दे रहा है। इस सामरिक मार्ग से गुजरने वाले जहाजों को दोनों देशों के बीच जारी खींचतान का खामियाजा भुगतना पड़ रहा है। शनिवार को एक भारतीय जहाज पर फायरिंग की घटना के बाद सोमवार को भी तनावपूर्ण स्थिति बनी रही, जब ईरान की इस्लामिक रेवोल्यूशनरी गार्ड्स (IRGC) ने भारत आ रहे एक जहाज को रोककर अपने कब्जे में ले लिया।
जहाज पर फायरिंग की वजह फायरिंग के मामले में ईरान का पक्ष है कि जहाज बिना अनुमति के होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने का प्रयास कर रहा था। ईरान ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि वह समुद्री सुरक्षा के साथ कोई समझौता नहीं करेगा। ईरान के अनुसार, सुरक्षा नियमों का उल्लंघन करने के कारण ही बल प्रयोग करना पड़ा।
किस जहाज को बनाया गया निशाना? लाइबेरिया के ध्वज वाला 'एपामिनोडेस' (EPAMINODES) नामक जहाज ईरान के होर्मुज स्ट्रेट को पार कर भारत के गुजरात स्थित मुंद्रा पोर्ट की ओर बढ़ रहा था। इसी दौरान उस पर फायरिंग की गई। ईरान का आरोप है कि जहाज के नेविगेशन सिस्टम में हेरफेर की गई थी, जिससे समुद्री सुरक्षा को खतरा पैदा हुआ। इसी कारण जहाज को जब्त कर लिया गया है।
प्रतिशोध की कार्रवाई? ईरानी मीडिया के अनुसार, यूनान (ग्रीक) के एक जहाज पर भी हमला हुआ है। माना जा रहा है कि यह कार्रवाई रविवार (20 अप्रैल) को अमेरिकी सेना द्वारा एक ईरानी जहाज को कब्जे में लेने का जवाब है। विशेषज्ञों का मानना है कि ईरान ने महज 48 घंटों के भीतर अमेरिका से अपना बदला ले लिया है। फिलहाल, जब्त किए गए जहाजों—MSC FRANCESCA और EPAMINODES—पर लदे सामान के बारे में कोई आधिकारिक विवरण साझा नहीं किया गया है।

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