ममता बनर्जी का बड़ा दावा: हेलमेट न होता तो जा सकती थी अभिषेक बनर्जी की जान
कोलकाता: तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) के दिग्गज नेता और सांसद अभिषेक बनर्जी पर हुए हमले के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए पांच लोगों को गिरफ्तार कर लिया है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, पकड़े गए आरोपियों में तपन माइती और आकाश नाम के युवक भी शामिल हैं, जिन्हें घटना के समय सामने आए वीडियो में साफ देखा गया था। पुलिस इस पूरे मामले की गहनता से जांच कर रही है और पकड़े गए लोगों से पूछताछ जारी है।
सोनारपुर में हुआ था हमला
यह पूरी घटना दक्षिण 24 परगना जिले के सोनारपुर इलाके की है। अभिषेक बनर्जी वहां चुनाव के बाद हुई हिंसा से प्रभावित लोगों और पीड़ितों से मुलाकात करने पहुंचे थे। इसी दौरान अचानक उग्र भीड़ ने उन्हें घेर लिया और उन पर अंडे व पत्थरों से हमला कर दिया। हालांकि, इस भारी हंगामे और हमले के बावजूद अभिषेक बनर्जी पीछे नहीं हटे और उन्होंने हिंसा में अपनी जान गंवाने वाले टीएमसी कार्यकर्ता संजू कर्माकर के पीड़ित परिवार से मिलकर उन्हें सांत्वना दी।
सिर पर हेलमेट न होता तो जा सकती थी जान: ममता बनर्जी
इस हमले पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए टीएमसी सुप्रीमो ममता बनर्जी ने भाजपा पर गंभीर आरोप लगाए हैं और इसके खिलाफ रविवार को बड़े प्रदर्शन का एलान किया है। ममता बनर्जी ने कहा कि यह हमला बेहद जानलेवा था। अगर अभिषेक के सिर पर हेलमेट नहीं होता, तो उनकी जान भी जा सकती थी। उन्होंने बताया कि पत्थरबाजी के कारण अभिषेक के सीने और पसलियों में गंभीर चोटें आई हैं। साथ ही उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ लोग अभिषेक को सही समय पर इलाज मिलने से भी रोकने की कोशिश कर रहे हैं। इस बीच, ममता बनर्जी ने यह भी बताया कि कांग्रेस सांसद और लोकसभा में नेता विपक्ष राहुल गांधी ने उन्हें फोन कर अभिषेक का हालचाल जाना और इलाज के लिए हैदराबाद या किसी भी अन्य जगह ले जाने में मदद की पेशकश की।
भाजपा ने आरोपों को नकारा, बताया जनता का गुस्सा
दूसरी तरफ, भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने इन सभी आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया है। बंगाल भाजपा अध्यक्ष शमिक भट्टाचार्य ने इस घटना को दुर्भाग्यपूर्ण तो बताया, लेकिन साथ ही यह भी कहा कि यह हमला तृणमूल कांग्रेस के खिलाफ जनता के भीतर बैठे गहरे गुस्से और असंतोष का नतीजा है। उन्होंने टीएमसी को उसके राजनीतिक हिंसा के इतिहास की याद दिलाते हुए कहा कि विपक्षी नेताओं पर भी पहले हमले होते रहे हैं। उन्होंने सभी राजनीतिक दलों से अपील की कि वे मिलकर बंगाल की इस हिंसक राजनीतिक संस्कृति को बदलने का प्रयास करें।

नाबालिग लड़की के उत्पीड़न पर सुप्रीम कोर्ट गंभीर, परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित करने के निर्देश
‘टकराव नहीं, सहयोग जरूरी’, अंतरराष्ट्रीय मंच से PM मोदी ने दिया दुनिया को बड़ा संदेश
सरकारी जमीन पर चला बुलडोजर, भोपाल में 15 करोड़ की जमीन कराई अतिक्रमण मुक्त
युवती की संदिग्ध मौत से मचा हड़कंप, किराए के घर से शव बरामद; तीन दिन बाद प्रेमी गिरफ्तार
सतना में कुत्तों को लेकर बवाल, पड़ोसी और साथियों ने सरेराह की मारपीट; मामला दर्ज
रेल यात्रियों के लिए बड़ा अपडेट, छत्तीसगढ़ से गुजरने वाली 10 ट्रेनों के समय में बदलाव
धार: अवैध शराब पर आबकारी विभाग का शिकंजा, 10 दिन में 187 प्रकरण दर्ज; 101 आरोपी गिरफ्तार